अहमदाबाद में एयर इंडिया की एक बोइंग 787-8 ड्रीमलाइनर फ्लाइट टेकऑफ के कुछ ही सेकंड बाद क्रैश हो गई थी। इस गंभीर हादसे की प्रारंभिक जांच रिपोर्ट भारतीय विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AAIB) ने जारी की है, जिसमें कई हैरान कर देने वाले तथ्यों का खुलासा हुआ है।
रिपोर्ट के अनुसार विमान ने सामान्य तरीके से रनवे से उड़ान भरी थी और निर्धारित ऊंचाई तक भी पहुंच गया था। लेकिन अचानक दोनों इंजन बंद हो गए, जिससे विमान को आवश्यक पावर नहीं मिल सकी और वह दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
ईंधन कटऑफ स्विच खुद हुआ बंद
जांच में सामने आया कि टेकऑफ के कुछ समय बाद ही दोनों इंजन के फ्यूल कटऑफ स्विच ‘रन’ की स्थिति से ‘कटऑफ’ पर चले गए। इसका सीधा मतलब है कि इंजन तक ईंधन की आपूर्ति रुक गई, जिससे इंजन बंद हो गए। इस स्थिति में विमान को आगे उड़ाने के लिए पर्याप्त ताकत नहीं मिल पाई।

पायलटों के बीच बातचीत से मिला संकेत
AAIB की रिपोर्ट में फ्लाइट डेक की ऑडियो रिकॉर्डिंग का भी विश्लेषण किया गया है। इसमें कैप्टन सुमीत सभरवाल और को-पायलट क्लाइव कुंदर के बीच हुई बातचीत में साफ सुनाई देता है कि दोनों पायलट इंजन बंद होने को लेकर आश्चर्यचकित थे।
- पहला पायलट: “तुमने स्विच क्यों बंद किया?”
- दूसरा पायलट: “मैंने नहीं किया।”
इस बातचीत से स्पष्ट होता है कि दोनों में से किसी ने भी जानबूझकर इंजन बंद नहीं किए। ऐसे में तकनीकी खराबी की आशंका जताई जा रही है, हालांकि मानव त्रुटि की संभावना से भी इनकार नहीं किया गया है।
आपातकालीन प्रयास असफल रहे
इंजन फेल होते ही विमान की रैम एयर टर्बाइन (RAT) सक्रिय हो गई, जो केवल आपात स्थिति में ही बाहर आती है। इससे यह स्पष्ट होता है कि विमान को तत्काल अतिरिक्त पावर की आवश्यकता पड़ी थी। पायलटों ने इंजन को दोबारा स्टार्ट करने की कोशिश की, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। विमान पर्याप्त ऊंचाई नहीं पकड़ सका और एयरपोर्ट की दीवार पार करने से पहले ही गिरकर क्रैश हो गया।
विस्तृत जांच जारी
AAIB ने बताया कि हादसे की विस्तृत तकनीकी जांच अभी जारी है। इस बात की तह तक जाने की कोशिश हो रही है कि क्या यह शुद्ध रूप से तकनीकी खामी थी या इसमें किसी तरह की मानवीय गलती भी शामिल थी।
यह हादसा एक बार फिर विमान सुरक्षा मानकों और इंजन सिस्टम्स की विश्वसनीयता पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। यात्रियों की जान की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ऐसे मामलों की गहन और निष्पक्ष जांच बेहद जरूरी है।









