• Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
Friday, June 5, 2026
  • Login
पंचायती टाइम्स
Advertisement
  • पंचायती टाइम्स
  • भारत
  • पंचायत
    • कृषि समाचार
  • खेल
  • जुर्म
  • राज्यों से
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा / जॉब
  • दुनिया
  • बिज़नेस
    • IFIE
    • नई तकनीकी
    • ऑटोमोबाइल
  • English
  • पंचायती टाइम्स
  • भारत
  • पंचायत
    • कृषि समाचार
  • खेल
  • जुर्म
  • राज्यों से
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा / जॉब
  • दुनिया
  • बिज़नेस
    • IFIE
    • नई तकनीकी
    • ऑटोमोबाइल
  • English
No Result
View All Result
पंचायती टाइम्स
  • पंचायती टाइम्स
  • भारत
  • पंचायत
  • खेल
  • जुर्म
  • राज्यों से
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा / जॉब
  • दुनिया
  • बिज़नेस
  • English
Home बिज़नेस

RBI ने रेपो रेट रखा बरकरार, ब्याज दरों में नहीं होगा बदलाव

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) ने अपनी ताजा बैठक में रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर स्थिर रखने का फैसला किया है।

Gautam Rishi by Gautam Rishi
5 June 2026
in बिज़नेस, भारत
0
RBI ने रेपो रेट रखा बरकरार, ब्याज दरों में नहीं होगा बदलाव - Panchayati Times

RBI गवर्नर संजय मल्होत्रा

Share on FacebookShare on Twitter

भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) ने अपनी ताजा बैठक में रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर स्थिर रखने का फैसला किया है। यह निर्णय समिति के सभी सदस्यों की सहमति से लिया गया। केंद्रीय बैंक ने साथ ही चालू वित्त वर्ष के लिए देश की आर्थिक वृद्धि दर (GDP Growth Rate) के अनुमान को पहले के मुकाबले थोड़ा कम कर दिया है।

RBI का यह फैसला ऐसे समय आया है जब वैश्विक स्तर पर कई आर्थिक और भू-राजनीतिक चुनौतियां सामने हैं। केंद्रीय बैंक ने महंगाई को नियंत्रण में रखते हुए विकास दर को संतुलित बनाए रखने की रणनीति अपनाई है।

GDP ग्रोथ अनुमान में क्यों की गई कटौती?

रिजर्व बैंक ने चालू वित्त वर्ष के लिए वास्तविक GDP वृद्धि दर का अनुमान घटाया है। इसके पीछे कई प्रमुख कारण बताए गए हैं:

1. वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव

पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और अमेरिका-ईरान के बीच जारी टकराव से वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला (Global Supply Chain) प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है। इससे अंतरराष्ट्रीय व्यापार और निवेश पर असर पड़ सकता है।

2. ऊर्जा कीमतों में बढ़ोतरी

कच्चे तेल समेत कई महत्वपूर्ण कमोडिटी की कीमतों में तेजी देखने को मिल रही है। ऊर्जा लागत बढ़ने से उद्योगों का खर्च बढ़ सकता है, जिसका असर आर्थिक गतिविधियों पर पड़ता है।

3. मानसून और कृषि क्षेत्र से जुड़ी चिंताएं

भारत की अर्थव्यवस्था में कृषि क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका है। मौसम संबंधी अनिश्चितताओं और संभावित कृषि जोखिमों को देखते हुए RBI ने विकास दर के अनुमान को अधिक यथार्थवादी बनाया है।

पिछले डेढ़ साल में RBI ने कितनी बार घटाई रेपो रेट?

जनवरी 2025 से जून 2026 तक RBI कुल 125 बेसिस प्वाइंट की कटौती कर चुका है। इस दौरान रेपो रेट को 6.50 प्रतिशत से घटाकर 5.25 प्रतिशत तक लाया गया। लगातार ब्याज दरों में कमी का उद्देश्य आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देना और ऋण को सस्ता बनाना रहा है।

इसी वजह से बैंकिंग सिस्टम में लोन की लागत कम हुई और उपभोक्ताओं को राहत मिली।

होम लोन और EMI पर क्या पड़ेगा असर?

रेपो रेट स्थिर रहने का सबसे बड़ा फायदा फ्लोटिंग रेट लोन धारकों को मिलेगा।

  • होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की EMI में फिलहाल कोई बढ़ोतरी नहीं होगी।
  • जिन ग्राहकों के लोन ब्याज दरें रेपो रेट से जुड़ी हैं, उन्हें कम ब्याज दरों का लाभ मिलता रहेगा।
  • नया लोन लेने वाले ग्राहकों के लिए भी उधार लेना अपेक्षाकृत सस्ता बना रहेगा।

विशेषज्ञों का मानना है कि स्थिर ब्याज दरें रियल एस्टेट और ऑटोमोबाइल सेक्टर की मांग को मजबूत बनाए रखने में मदद कर सकती हैं।

FD निवेशकों के लिए क्या है संकेत?

पिछले वर्ष रेपो रेट में लगातार कटौती के कारण कई बैंकों ने फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) पर ब्याज दरें कम की थीं। हालांकि इस बार रेपो रेट में कोई बदलाव नहीं होने से FD निवेशकों को तत्काल राहत मिली है।

  • वरिष्ठ नागरिकों को मौजूदा ऊंची FD दरों का लाभ मिलता रह सकता है।
  • बैंक निकट भविष्य में FD रेट्स में बड़े बदलाव से बच सकते हैं।
  • सुरक्षित निवेश पसंद करने वाले निवेशकों के लिए यह सकारात्मक संकेत माना जा रहा है।

अर्थव्यवस्था को कैसे मिलेगा फायदा?

रेपो रेट को स्थिर रखने का फैसला आर्थिक संतुलन बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

  • उपभोक्ता खर्च में स्थिरता बनी रहेगी।
  • आवास और वाहन क्षेत्र में मांग को समर्थन मिलेगा।
  • उद्योगों के लिए ऋण लागत नियंत्रित रहेगी।
  • निवेश और रोजगार सृजन को प्रोत्साहन मिल सकता है।

इसके अलावा RBI को वैश्विक तेल कीमतों और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों पर नजर रखने का समय भी मिलेगा, जिससे भविष्य की नीतिगत रणनीति अधिक प्रभावी बनाई जा सकेगी।

यह भी पढ़ें: बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने के. अन्नामलाई का इस्तीफा स्वीकारा

RBI द्वारा रेपो रेट को 5.25 प्रतिशत पर स्थिर रखने का निर्णय बाजार और आम उपभोक्ताओं दोनों के लिए राहत भरा माना जा रहा है। हालांकि GDP ग्रोथ अनुमान में कटौती यह संकेत देती है कि केंद्रीय बैंक वैश्विक और घरेलू चुनौतियों को लेकर सतर्क है। आने वाले महीनों में महंगाई, तेल कीमतों और मानसून की स्थिति RBI की अगली नीतिगत दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

Tags: FD Interest Rate UpdateGDP Growth Forecast IndiaHome Loan EMI NewsIndian Economy News HindiLatest RBI NewsMPC Meeting 2026RBIRBI Governor StatementRBI Policy DecisionRBI Repo Rate 2026Repo Rate News Hindiरेपो रेट
Previous Post

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने के. अन्नामलाई का इस्तीफा स्वीकारा

Next Post

फायरिंग विवाद में बढ़ीं खान सर की मुश्किलें, सुरक्षाकर्मियों के बयान के बाद जांच तेज

Gautam Rishi

Gautam Rishi

Related Posts

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने के. अन्नामलाई का इस्तीफा स्वीकारा - Panchayati Times
भारत

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन ने के. अन्नामलाई का इस्तीफा स्वीकारा

5 June 2026
मालवीय नगर में लगी भीषण आग, 21 लोगों की मौत - Panchayati Times
भारत

मालवीय नगर में लगी भीषण आग, 21 लोगों की मौत

3 June 2026
आपके घरों एवं मंदिरों में रखे सोने पर सरकार की नजर - Panchayati Times
बिज़नेस

आपके घरों एवं मंदिरों में रखे सोने पर है सरकार की नजर

2 June 2026
‘खेत बचाओ अभियान’ का कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया शुभारंभ - Panchayati Times
कृषि समाचार

‘खेत बचाओ अभियान’ का कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किया शुभारंभ

1 June 2026
Confirm Ticket के बावजूद नहीं मिली सीट? जानिए रेलवे यात्रियों के अधिकार और मुआवजे का नियम - Panchayati Times
भारत

Confirm Ticket के बावजूद नहीं मिली सीट? जानिए रेलवे यात्रियों के अधिकार और मुआवजे का नियम

1 June 2026
1 जून से बदल गए कई बड़े नियम, LPG, UPI, बैंकिंग और कार खरीदने वालों पर पड़ेगा सीधा असर - Panchayati Times
बिज़नेस

1 जून से बदल गए कई बड़े नियम, LPG, UPI, बैंकिंग और कार खरीदने वालों पर पड़ेगा सीधा असर

1 June 2026
Next Post
फायरिंग विवाद में बढ़ीं खान सर की मुश्किलें, सुरक्षाकर्मियों के बयान के बाद जांच तेज - Panchayati Times

फायरिंग विवाद में बढ़ीं खान सर की मुश्किलें, सुरक्षाकर्मियों के बयान के बाद जांच तेज

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

पंचायती टाइम्स

पंचायती टाइम्स नई दिल्ली, भारत से प्रकाशित ग्रामीण भारत की आवाज़ को ले जाने वाला एक डिजिटल समाचार पोर्टल है।

पंचायती टाइम्स एकमात्र ऐसा न्यूज पोर्टल है जिसकी पूर्व उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू ने भी प्रशंसा करते हुए कहा था कि पंचायती टाइम्स न सिर्फ मीडिया धर्म निभा रहा है बल्कि अपनी सामाजिक जिम्मेदारियां भी निभा रहा है।

Follow Us

Browse by Category

  • English (32)
  • IFIE (253)
  • Uncategorized (32)
  • अजब-गजब (38)
  • ऑटोमोबाइल (25)
  • कृषि समाचार (222)
  • खेल (544)
  • जुर्म (324)
  • दुनिया (334)
  • धर्म (122)
  • नई तकनीकी (136)
  • पंचायत (290)
  • बिज़नेस (262)
  • बिहार चुनाव (78)
  • ब्रेकिंग न्यूज़ (1,065)
  • भारत (2,686)
  • मनोरंजन (292)
  • राजनीति (55)
  • राज्यों से (1,072)
  • लोकसभा चुनाव 2024 (199)
  • शिक्षा / जॉब (161)
  • स्वास्थ्य (100)

Recent News

फायरिंग विवाद में बढ़ीं खान सर की मुश्किलें, सुरक्षाकर्मियों के बयान के बाद जांच तेज - Panchayati Times

फायरिंग विवाद में बढ़ीं खान सर की मुश्किलें, सुरक्षाकर्मियों के बयान के बाद जांच तेज

5 June 2026
RBI ने रेपो रेट रखा बरकरार, ब्याज दरों में नहीं होगा बदलाव - Panchayati Times

RBI ने रेपो रेट रखा बरकरार, ब्याज दरों में नहीं होगा बदलाव

5 June 2026
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact

© 2024 पंचायती टाइम्स. All Rights Reserved

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
  • Login
  • पंचायती टाइम्स
  • भारत
  • पंचायत
    • कृषि समाचार
  • खेल
  • जुर्म
  • राज्यों से
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा / जॉब
  • दुनिया
  • बिज़नेस
    • IFIE
    • नई तकनीकी
    • ऑटोमोबाइल
  • English

© 2024 पंचायती टाइम्स. All Rights Reserved