ममता बनर्जी ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले टीएमसी का चुनावी घोषणापत्र जारी करते हुए कई बड़े वादों का ऐलान किया। इस दौरान उन्होंने सामाजिक कल्याण, रोजगार, स्वास्थ्य और कृषि क्षेत्र पर खास फोकस रखा।
महिलाओं और युवाओं के लिए बड़ी घोषणाएं
टीएमसी ने ‘लक्ष्मी भंडार’ योजना के तहत आर्थिक सहायता बढ़ाने का वादा किया है। इसके अनुसार सामान्य वर्ग की महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये और एससी/एसटी वर्ग की महिलाओं को 1700 रुपये दिए जाएंगे। वहीं बेरोजगार युवाओं के लिए भी मासिक 1500 रुपये की सहायता देने की बात कही गई है, जिससे उन्हें आर्थिक सहारा मिल सके।
स्वास्थ्य और शिक्षा पर जोर
ममता बनर्जी ने ‘दुआरे चिकित्सा’ कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की, जिसके तहत हर बूथ स्तर पर स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे और लोगों को घर के पास ही चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इसके अलावा राज्य के हजारों स्कूलों को आधुनिक बनाते हुए ई-लर्निंग सुविधाओं से जोड़ा जाएगा, ताकि छात्रों को बेहतर शिक्षा मिल सके।
प्रशासनिक विस्तार की योजना
टीएमसी ने आने वाले समय में नए जिले, ब्लॉक और नगर निकाय बनाने की भी योजना बताई है। इसका उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूत करना और लोगों तक सरकारी सेवाओं की पहुंच आसान बनाना है।
कृषि क्षेत्र के लिए बड़ा बजट
घोषणापत्र में कृषि क्षेत्र को मजबूत करने के लिए 30,000 करोड़ रुपये के बजट का प्रस्ताव रखा गया है। इस योजना के तहत किसानों, खासकर भूमिहीन किसानों और खेती पर निर्भर परिवारों को आर्थिक मदद देने पर जोर रहेगा।
उद्योग और रोजगार पर फोकस
ममता बनर्जी ने कहा कि पश्चिम बंगाल उद्योगों के लिए एक महत्वपूर्ण केंद्र बन रहा है और सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग (MSME) क्षेत्र में राज्य अग्रणी है। उन्होंने दावा किया कि इस सेक्टर में बड़ी संख्या में लोगों को रोजगार मिला है और भविष्य में इसे और मजबूत किया जाएगा।
राजनीतिक संदेश और अपील
घोषणापत्र जारी करते हुए ममता बनर्जी ने राज्य के लोगों से एकजुट रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि किसी भी तरह के दबाव या लालच से प्रभावित न हों और राज्य की शांति व एकता बनाए रखें। साथ ही उन्होंने सभी धर्मों के लोगों के बीच भाईचारे और समानता पर जोर दिया।
यह भी पढ़ें: IPL 2026: CSK को लगा बड़ा झटका, यह स्टार गेंदबाज हुआ बाहर
टीएमसी का यह घोषणापत्र साफ संकेत देता है कि पार्टी इस चुनाव में सामाजिक योजनाओं, ग्रामीण विकास और जनकल्याण को मुख्य मुद्दा बनाकर मैदान में उतर रही है।








