हाल के दिनों में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट तेजी से शेयर की जा रही है, जिसमें दावा किया गया है कि 1 जुलाई 2026 से ₹10, ₹20, ₹50 और ₹100 के पुराने नोट चलना बंद हो जाएंगे। पोस्ट में यह भी कहा गया कि यह फैसला भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने लिया है और यह केवल वर्ष 2005 से पहले छपे नोटों पर लागू होगा।
इस दावे के वायरल होने के बाद कई लोगों के मन में सवाल उठने लगे कि क्या वास्तव में पुराने नोटों को बदलना जरूरी है या नहीं।
क्या है वायरल पोस्ट का दावा?
वायरल पोस्ट में बैंक ऑफ महाराष्ट्र का लोगो इस्तेमाल किया गया है। पोस्ट के अनुसार, 2005 से पहले प्रिंट किए गए ₹10, ₹20, ₹50 और ₹100 के नोट 1 जुलाई 2026 से अमान्य हो जाएंगे। साथ ही इसे RBI का आधिकारिक फैसला बताया गया है।
हालांकि, इस दावे का कोई आधिकारिक आधार नहीं है।
PIB Fact Check ने बताई सच्चाई
सरकार की आधिकारिक फैक्ट-चेक एजेंसी PIB Fact Check ने इस वायरल पोस्ट की जांच की और इसे पूरी तरह फर्जी (Fake) बताया।
PIB ने स्पष्ट किया कि:
- बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने ऐसा कोई नोटिस जारी नहीं किया है।
- वायरल पोस्ट में इस्तेमाल किया गया नोटिस नकली है।
- RBI ने पुराने नोटों पर किसी प्रकार का प्रतिबंध नहीं लगाया है।
- 2005 से पहले छपे नोट भी कानूनी रूप से वैध हैं, जब तक वे चलन योग्य स्थिति में हैं।
क्या 2005 से पहले के नोट अभी भी मान्य हैं?
हाँ। भारतीय रिजर्व बैंक पहले भी कई बार स्पष्ट कर चुका है कि 2005 से पहले जारी किए गए बैंक नोट वैध मुद्रा हैं।
यदि किसी नोट की स्थिति खराब हो गई है या वह फट गया है, तो उसे बैंक की निर्धारित प्रक्रिया के तहत बदला जा सकता है। लेकिन केवल पुराना होने के कारण नोट अमान्य नहीं हो जाता।
फर्जी खबरों से कैसे बचें?
सोशल मीडिया पर वायरल होने वाली हर जानकारी सही नहीं होती। किसी भी वित्तीय या बैंकिंग संबंधी खबर पर भरोसा करने से पहले:
- RBI की आधिकारिक वेबसाइट देखें।
- PIB Fact Check के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल या वेबसाइट से जानकारी सत्यापित करें।
- अपने बैंक से पुष्टि करें।
- बिना पुष्टि के किसी भी पोस्ट को आगे शेयर न करें।
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1 जुलाई 2026 से पुराने ₹10, ₹20, ₹50 और ₹100 के नोट बंद होने का दावा पूरी तरह भ्रामक और फर्जी है। न तो RBI ने ऐसा कोई आदेश जारी किया है और न ही बैंक ऑफ महाराष्ट्र ने इस प्रकार की कोई सूचना दी है। इसलिए लोगों को अफवाहों से बचना चाहिए और केवल आधिकारिक स्रोतों से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करना चाहिए।








