Meta AI Smart Glasses: मेटा ने अपने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक से लैस नए स्मार्ट ग्लासेज़ की रेंज लॉन्च की है। कंपनी का मानना है कि आने वाले समय में ये दुनिया भर के यूज़र्स के लिए ज़रूरी एक्सेसरी साबित होंगे।
अपनी सालाना डेवलपर्स कॉन्फ्रेंस ‘Meta Connect’ में कंपनी के सीईओ मार्क ज़करबर्ग ने सनग्लास ब्रांड Ray-Ban और Oakley के साथ साझेदारी में बने कई नए डिवाइस पेश किए।
कंपनी ने एक न्यूरल रिस्टबैंड भी पेश किया, जिसे मेटा रे-बैन डिस्प्ले ग्लासेज़ से पेयर किया जा सकता है। इसकी मदद से यूज़र्स केवल हाथ के हल्के इशारों से मैसेज भेजने जैसे काम कर सकते हैं।
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यह इवेंट ऐसे समय में हुआ है जब फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप की मालिक कंपनी बच्चों पर अपने प्रोडक्ट्स के प्रभाव को लेकर आलोचनाओं का सामना कर रही है। ज़करबर्ग ने इस तकनीक को एक बड़ा वैज्ञानिक ब्रेकथ्रू करार दिया।
Meta Ray-Ban Display Glasses
इसमें एक फुल-कलर हाई-रेज़ोल्यूशन स्क्रीन एक लेंस में लगी है, जिससे यूज़र्स वीडियो कॉल कर सकते हैं और मैसेज देख सकते हैं। इसमें 12-मेगापिक्सल का कैमरा भी है।
हालांकि, डेमो के दौरान सब कुछ योजना के मुताबिक नहीं चला। व्हाट्सएप कॉल बार-बार असफल रही।
ज़करबर्ग ने मज़ाक में कहा, ‘मुझे नहीं पता आप लोगों से क्या कहूँ… बार-बार गड़बड़ हो रही है।’
इसके बावजूद, उनका मानना है कि स्मार्ट एक्सेसरीज़ की यह लाइन लोगों की ज़िंदगी में Meta AI को शामिल करने का अहम प्लेटफॉर्म बनेगी।
स्मार्ट ग्लासेज़ बनाम मेटावर्स
विशेषज्ञों का कहना है कि स्मार्ट ग्लासेज़ की सफलता की संभावना मेटा के बहु-अरब डॉलर वाले Metaverse प्रोजेक्ट से कहीं ज्यादा है। फॉरेस्टर रिसर्च डायरेक्टर माइक प्रॉक्स ने कहा, ‘वीआर हेडसेट की तुलना में ग्लासेज़ रोज़मर्रा के इस्तेमाल के लिए ज्यादा सुविधाजनक और हल्के होते हैं।’ हालाँकि उन्होंने जोड़ा, “मेटा को यह साबित करना होगा कि इन AI ग्लासेज़ के फायदे उनकी लागत से कहीं ज्यादा हैं।’
माना जा रहा है कि मेटा ने 2023 से अब तक लगभग 20 लाख स्मार्ट ग्लासेज़ बेचे हैं।
कीमत
Meta Ray-Ban Display Glasses: $799 (₹66,000 लगभग)
Oakley Meta Vanguard Glasses (स्पोर्ट्स के लिए): $499 (₹41,000 लगभग)
Ray-Ban Meta Glasses 2nd Gen: $379 (₹31,000 लगभग)
मेटा का AI निवेश
कंपनी अमेरिका में विशाल AI डेटा सेंटर बना रही है, जिनका आकार लगभग मैनहटन जितना होगा। इसके लिए वह सैकड़ों अरब डॉलर खर्च करने की योजना में है। ज़करबर्ग ने कहा है कि मेटा ऐसा “सुपरइंटेलिजेंस” विकसित करेगा जो इंसानों से भी ज्यादा सोचने-समझने में सक्षम होगा।
विरोध प्रदर्शन
इसी बीच, न्यूयॉर्क में मेटा के मुख्यालय के बाहर कार्यकर्ताओं और आत्महत्या पीड़ित परिवारों ने विरोध प्रदर्शन किया। उनकी मांग थी कि बच्चों की सुरक्षा के लिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर और सख्त कदम उठाए जाएँ।
पिछले हफ्ते अमेरिकी सीनेट में दो पूर्व मेटा सुरक्षा शोधकर्ताओं ने गवाही दी थी कि कंपनी ने अपने वीआर प्रोडक्ट्स से बच्चों को होने वाले नुकसान के सबूत छिपाए। मेटा ने इन आरोपों को ‘बकवास’ करार दिया है।









