भारत के कई हिस्सों में मोबाइल नेटवर्क और इंटरनेट सेवाओं से जुड़ी गंभीर समस्याएं सामने आई हैं। Airtel, Jio और Vodafone Idea (Vi) के ग्राहकों ने बीते कुछ घंटों से कॉलिंग, सिग्नल और इंटरनेट सेवाओं में बड़ी बाधा की शिकायत की है।
सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्र दिल्ली-एनसीआर बताया जा रहा है, जहां हजारों यूजर्स ने कॉल न लगने, इंटरनेट न चलने और सिग्नल कमजोर होने की समस्या को लेकर सोशल मीडिया पर आक्रोश जताया है।
कॉलिंग पूरी तरह ठप, इंटरनेट सेवाएं भी बाधित
ग्राहकों की शिकायत है कि मोबाइल में सिग्नल दिख रहा है, फिर भी न कॉल की जा रही है और न रिसीव हो रही है। इसके साथ ही कई जगहों पर मोबाइल इंटरनेट भी काम नहीं कर रहा, जिससे डिजिटल ट्रांजैक्शन, सोशल मीडिया और वर्क फ्रॉम होम कर रहे लोग बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।
हालांकि राहत की बात यह रही कि Airtel की ब्रॉडबैंड और Wi-Fi सेवाएं सामान्य रूप से चलती रहीं। समस्या सिर्फ मोबाइल नेटवर्क से जुड़ी रही।
Airtel ने दी सफाई, Jio और Vi पर भी आईं शिकायते
Airtel ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल पर नेटवर्क आउटेज को स्वीकार करते हुए कहा कि उनकी तकनीकी टीम समस्या को सुलझाने में जुटी हुई है। कंपनी ने असुविधा के लिए ग्राहकों से माफी मांगी और भरोसा दिलाया कि सेवाएं जल्द सामान्य कर दी जाएंगी।
इसी बीच Jio और Vi (Vodafone Idea) के यूजर्स ने भी समान शिकायतें दर्ज की हैं, हालांकि इन दोनों कंपनियों की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।

Down Detector पर 3500 से अधिक रिपोर्ट
नेटवर्क मॉनिटरिंग वेबसाइट डाउन डिटेक्टर के अनुसार, सोमवार शाम तक देशभर से 3500 से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं। जिन शहरों से सबसे ज्यादा दिक्कतें सामने आई हैं, उनमें शामिल हैं:
- दिल्ली-एनसीआर
- मुंबई
- जयपुर
- कानपुर
- अहमदाबाद
- सूरत
- हैदराबाद
- बेंगलुरु
- कोलकाता
शिकायतों का आंकड़ा
डाउन डिटेक्टर की रिपोर्ट के अनुसार:
- 68% शिकायतें फोन कॉल्स से जुड़ी रहीं
- 16% शिकायतें मोबाइल इंटरनेट से संबंधित थीं
- 15% यूजर्स ने सिग्नल न मिलने की परेशानी बताई
कई ग्राहकों ने यह भी आरोप लगाया कि वे 5G प्लान पर सब्सक्राइब हैं, फिर भी नेटवर्क 4G तक सीमित है और वह भी बेहद कमजोर।
संभावित कारण
तकनीकी जानकारों का मानना है कि इस तरह की व्यापक नेटवर्क समस्या के पीछे फाइबर कट, नेटवर्क अपग्रेड, अचानक बढ़ा ट्रैफिक लोड या सिस्टम फेल्योर जैसे कारण हो सकते हैं। हालांकि, फिलहाल किसी कंपनी ने समस्या के सटीक कारण का खुलासा नहीं किया है।
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देशभर में नेटवर्क सेवा प्रदाताओं की इस तकनीकी गड़बड़ी ने लाखों उपभोक्ताओं को प्रभावित किया है। लोगों का भरोसा फिर से कायम करने के लिए जरूरी है कि कंपनियां जल्द से जल्द समस्या को सुलझाएं और स्पष्ट जानकारी साझा करें। ऐसे समय में पारदर्शिता और त्वरित समाधान ही उपभोक्ता विश्वास बनाए रखने की कुंजी है।








