भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने आज एक बड़ी घोषणा करते हुए अपोलो टायर्स को टीम इंडिया का नया लीड स्पॉन्सर घोषित किया है। यह साझेदारी अपोलो टायर्स के लिए भारतीय क्रिकेट में पहला कदम है और कंपनी के लिए एक रणनीतिक पहल मानी जा रही है, जिससे वह देश के सबसे लोकप्रिय खेल से जुड़ रही है।
बीसीसीआई द्वारा जारी बयान के अनुसार, यह समझौता ढाई साल के लिए हुआ है, जो मार्च 2028 तक प्रभावी रहेगा। इस दौरान अपोलो टायर्स का लोगो पुरुष और महिला भारतीय क्रिकेट टीम की जर्सी पर सभी प्रारूपों (टेस्ट, वनडे, टी20) में दिखाई देगा। यह साझेदारी ड्रीम11 की जगह लेगी, जो इससे पहले टीम इंडिया का प्रमुख प्रायोजक था।

BCCI के मानद सचिव देवजीत सैकिया ने कहा, “अपोलो टायर्स का टीम इंडिया के साथ जुड़ना हमारे खिलाड़ियों की मेहनत और प्रदर्शन का प्रमाण है। यह सिर्फ एक व्यावसायिक करार नहीं, बल्कि दो संस्थाओं के बीच एक साझेदारी है जो देशवासियों के बीच अत्यधिक विश्वास और सम्मान रखती हैं।”
बीसीसीआई के उपाध्यक्ष राजीव शुक्ला ने कहा, “यह एक ऐतिहासिक अवसर है। अपोलो टायर्स और भारतीय क्रिकेट – दोनों भारत की ताकत और गर्व के प्रतीक हैं। इस साझेदारी से दोनों ब्रांड को वैश्विक स्तर पर मजबूती मिलेगी।”
अपोलो टायर्स के उपाध्यक्ष और प्रबंध निदेशक नीरज कंवर ने इस अवसर पर कहा, “भारत में क्रिकेट की अपार लोकप्रियता को देखते हुए टीम इंडिया का लीड स्पॉन्सर बनना हमारे लिए गर्व की बात है। यह साझेदारी राष्ट्रीय गौरव, उपभोक्ता विश्वास और अपोलो की अग्रणी स्थिति को दर्शाती है। हम भारतीय खेल को उच्चतम स्तर पर समर्थन देने और प्रशंसकों के लिए अविस्मरणीय पल रचने के लिए तत्पर हैं।”
अपोलो टायर्स अपनी उत्पाद श्रृंखला को ‘Apollo’ और ‘Vredestein’ ब्रांड नामों से 100 से अधिक देशों में बेचती है। कंपनी अपने प्रदर्शन, सुरक्षा और विश्वसनीयता के लिए जानी जाती है, जो क्रिकेट जैसे प्रतिस्पर्धी खेल के मूल्यों से मेल खाती है।
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यह साझेदारी भारतीय क्रिकेट की बढ़ती व्यावसायिक ताकत और वैश्विक अपील को दर्शाती है, और आने वाले वर्षों में इसके प्रभाव को देखना रोचक होगा।









