Delhi Zoo temporarily closed: नई दिल्ली का राष्ट्रीय प्राणी उद्यान (National Zoological Park) 30 अगस्त 2025, शनिवार से पर्यटकों के लिए बंद रहेगा, क्योंकि यहां दो पेंटेड स्टॉर्क (सारस प्रजाति) में H5N1 बर्ड फ्लू वायरस की पुष्टि हुई है। यह पुष्टि भोपाल स्थित नेशनल इंस्टीट्यूट फॉर हाई सिक्योरिटी एनिमल डिज़ीज़ (NIHSAD) को मृत पक्षियों के सैंपल भेजने के बाद हुई। 28 अगस्त को आए नतीजों में दोनों पक्षियों में H5N1 एवियन इन्फ्लुएंजा वायरस की मौजूदगी की पुष्टि हुई।
फैलाव रोकने के लिए तत्काल कदम
पॉजिटिव रिपोर्ट आने के बाद चिड़ियाघर प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए तुरंत कदम उठाए। गहन निगरानी (Intensive Surveillance) और सख्त बायोसिक्योरिटी प्रोटोकॉल लागू किए गए हैं ताकि अन्य जानवरों, पक्षियों और स्टाफ में संक्रमण न फैले।
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राष्ट्रीय प्राणी उद्यान के प्रवक्ता संजीत कुमार ने बताया कि, ‘फैलाव रोकने के लिए तुरंत कार्रवाई शुरू कर दी गई है और कड़े बायोसिक्योरिटी उपाय लागू किए गए हैं। चिड़ियाघर 30 अगस्त 2025 से आगंतुकों के लिए अगले आदेश तक बंद रहेगा, ताकि जनता और स्टाफ की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।’
H5N1 एवियन इन्फ्लुएंजा क्या है?
- H5N1 एवियन इन्फ्लुएंजा वायरस का एक प्रकार है जो मुख्य रूप से पक्षियों को प्रभावित करता है।
- दुर्लभ मामलों में यह स्तनधारियों और इंसानों को भी संक्रमित कर सकता है।
- यह वायरस पहली बार 1996 में सामने आया था और तब से दुनिया भर में पक्षियों में समय-समय पर प्रकोप का कारण बना है।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इसके प्रजाति-पार संक्रमण (cross-species transmission) की संभावना को लेकर चिंता जताई है। चिड़ियाघर अधिकारियों ने कहा कि यह वायरस मुख्य रूप से पक्षियों के लिए घातक है, लेकिन इसका स्तनधारियों या इंसानों में फैलाव रोकने के लिए सभी कदम उठाए जा रहे हैं।
सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप कदम
भारत सरकार द्वारा 2021 में जारी ‘एवियन इन्फ्लुएंजा की तैयारी, नियंत्रण और रोकथाम के लिए कार्ययोजना’ के तहत चिड़ियाघर में कंटेनमेंट रणनीतियां लागू की गई हैं।
चिड़ियाघर को अस्थायी रूप से बंद करने का फैसला जनता के स्वास्थ्य जोखिम को न्यूनतम करने और बायोसेफ्टी प्रोटोकॉल को लागू करने के लिए लिया गया है।








