जनता दल सेक्युलर (JDS) से निष्कासित नेता और पूर्व लोकसभा सांसद प्रज्वल रेवन्ना को बलात्कार के गंभीर मामले में बेंगलुरु स्थित जनप्रतिनिधियों की विशेष अदालत ने दोषी करार दिया है। अदालत ने यह फैसला महज 14 महीने के भीतर सुनाया, जो यौन अपराधों से जुड़े मामलों में न्याय प्रक्रिया की तेज़ी का एक अहम उदाहरण माना जा रहा है।
प्रज्वल रेवन्ना पर आरोप था कि उन्होंने हासन जिले के होलेनरसीपुरा स्थित अपने फार्महाउस में एक घरेलू महिला कर्मचारी के साथ बलात्कार किया था। यह मामला मई 2024 में सामने आया था, जब पीड़िता की शिकायत पर FIR दर्ज हुई थी। जांच के दौरान पीड़िता के बयान, चिकित्सकीय रिपोर्ट और डिजिटल सबूतों को अदालत ने गंभीरता से लिया।
विशेष अदालत ने शुक्रवार को अपना फैसला सुनाते हुए रेवन्ना को दोषी ठहराया। जैसे ही अदालत ने अपना फैसला सुनाया, रेवन्ना अपने आंसू नहीं रोक सके और कोर्टरूम में फूट-फूटकर रोने लगे। उनकी भावनात्मक प्रतिक्रिया को देखते हुए पुलिस को उन्हें कोर्ट से बाहर ले जाना पड़ा।

यह मामला राजनीतिक गलियारों में पहले से ही चर्चा में रहा है, क्योंकि प्रज्वल रेवन्ना पूर्व प्रधानमंत्री एच.डी. देवेगौड़ा के पोते और कर्नाटक के राजनीतिक परिवार से ताल्लुक रखते हैं। इस प्रकरण के सामने आने के बाद JDS ने उन्हें पार्टी से तत्काल निष्कासित कर दिया था।
फैसले के बाद महिला अधिकार संगठनों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने अदालत की त्वरित कार्रवाई की सराहना की है।
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अब अदालत अगली सुनवाई में सजा की अवधि तय करेगी, जिसके लिए तारीख जल्द घोषित की जाएगी। इस फैसले को यौन अपराधों के मामलों में तेजी से न्याय दिलाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।







