फिल्म इंडस्ट्री में मां बनने के बाद काम के घंटे तय करने को लेकर चल रही बहस के बीच करीना कपूर ने दीपिका पादुकोण के पक्ष में खुलकर अपनी राय रखी है। हाल ही में दीपिका ने अपने करियर और मातृत्व के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए आठ घंटे की वर्क शिफ्ट की मांग की थी, जिसके बाद यह मुद्दा चर्चा का विषय बन गया।
महिलाओं को अपनी जरूरत बताने का अधिकार
एक इंटरव्यू में करीना ने कहा कि अगर कोई महिला अपने बच्चे को समय देना चाहती है, तो उसे यह कहने की पूरी आजादी होनी चाहिए कि वह कितने घंटे काम कर सकती है। उनके अनुसार, काम की शर्तें पहले ही साफ कर देना बेहतर होता है, ताकि बाद में किसी तरह की परेशानी न हो।
शूटिंग के दौरान प्लानिंग जरूरी
करीना ने अपने काम और परिवार के बीच संतुलन बनाने का अनुभव भी साझा किया। उन्होंने बताया कि The Buckingham Murders की शूटिंग के लिए उन्हें करीब 35 दिनों तक लंदन में रहना था। ऐसे में उन्होंने शूटिंग का शेड्यूल इस तरह से प्लान किया कि त्योहारों के दौरान वह अपने परिवार के साथ रह सकें। उनका मानना है कि अगर शुरुआत से ही सही योजना बना ली जाए, तो काम और निजी जीवन दोनों को आसानी से संभाला जा सकता है।
सैफ अली खान की भी की तारीफ
इस दौरान करीना ने अपने पति सैफ अली खान को एक जिम्मेदार और सहयोगी पिता बताया। उन्होंने कहा कि जब वह फिल्मों की शूटिंग में व्यस्त रहती हैं, तब सैफ बच्चों की देखभाल करते हैं। उनके मुताबिक, शादी में आपसी समझ और सहयोग बेहद जरूरी है, क्योंकि दोनों एक साथ काम करते हुए बच्चों को अकेला नहीं छोड़ सकते।

अनन्या पांडे ने भी किया समर्थन
करीना से पहले अनन्या पांडे भी दीपिका के समर्थन में सामने आई थीं। अनन्या ने बताया कि उन्होंने दीपिका के साथ उस समय काम किया था जब वह मां नहीं बनी थीं। उस दौरान दीपिका बेहद प्रोफेशनल थीं और कभी किसी तरह की शिकायत या विशेष मांग नहीं करती थीं।
हालांकि अब परिस्थितियां बदल चुकी हैं। मां बनने के बाद शुरुआती वर्षों में बच्चे को समय देना जरूरी होता है, इसलिए आठ घंटे की शिफ्ट की मांग को वह पूरी तरह जायज मानती हैं।
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बदलती सोच की ओर इशारा
फिल्म इंडस्ट्री में लंबे समय से काम के अनियमित और लंबे घंटे सामान्य माने जाते रहे हैं। लेकिन दीपिका की मांग और अन्य अभिनेत्रियों के समर्थन से यह बहस तेज हो गई है कि मातृत्व के बाद महिलाओं के लिए काम की परिस्थितियों को अधिक संतुलित और संवेदनशील बनाया जाना चाहिए।








