बिहार की सियासत में लगातार हलचल तेज हो रही है। इसी बीच तेज प्रताप यादव के नेतृत्व वाली जनशक्ति जनता दल (JJD) ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए अपने पहले 21 उम्मीदवारों की सूची जारी कर दी है। इस लिस्ट में खुद तेज प्रताप यादव का नाम भी शामिल है, जो इस बार वैशाली जिले की महुआ विधानसभा सीट से किस्मत आजमाने जा रहे हैं।
तेज प्रताप इस बार महुआ से मैदान में
तेज प्रताप यादव ने वर्ष 2020 के चुनाव में समस्तीपुर जिले की हसनपुर सीट से चुनाव लड़ा था, लेकिन इस बार उन्होंने महुआ सीट को चुना है। यह सीट उनके लिए विशेष मानी जा रही है क्योंकि 2015 में वह यहीं से विधायक बने थे। वर्ष 2020 में इस सीट से जेडीयू के मुकेश कुमार रोशन ने जीत दर्ज की थी। अब देखना होगा कि तेज प्रताप अपनी ‘पुरानी सीट’ पर दोबारा वापसी कर पाते हैं या नहीं।
इन प्रमुख चेहरों को मिला टिकट
जनशक्ति जनता दल की ओर से जारी पहली सूची में कुछ नाम खासे चर्चा में हैं:
- महनार – जय सिंह राठी
- हिसुआ – रवि राज कुमार
- शाहपुर – मदन यादव
- पटना साहिब – मीनू कुमारी
- मनेर – शंकर यादव
अन्य प्रत्याशियों में शामिल हैं:
- बेलसन – विकास कुमार कवि
- बख्तियारपुर – गुलशन यादव
- बिक्रमगंज – अजीत कुशावाहा
- जगदीशपुर – नीरज राय
- अत्री – अविनाश
- वजीरगंज – प्रेम कुमार
- बेनीपुर – अवध किशोर झा
- दुमाओ – दिनेश कुमार सूर्या
- गोविंदगंज – आशुतोष
- मधेपुरा – संजय यादव
- नरकटियागंज – तौरीफ रहमान
- बरौली – धर्मेंद्र क्रांतिकारी
- कुचायकोट – ब्रज बिहारी भट्ट
- बनियापुर – पुष्पा कुमारी
- मोहिउद्दीन नगर – सुरभि यादव
आरजेडी से निष्कासन के बाद बनाई नई पार्टी
तेज प्रताप यादव को इस वर्ष राष्ट्रीय जनता दल (RJD) से निष्कासित कर दिया गया था। पार्टी से बाहर होने के बाद उन्होंने अपनी नई राजनीतिक पार्टी ‘जनशक्ति जनता दल’ का गठन किया और संगठन विस्तार में जुट गए। तेज प्रताप पहले बिहार सरकार में पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री भी रह चुके हैं।

प्रशांत किशोर और जन सुराज को लेकर बढ़ती हलचल
जनशक्ति जनता दल की सूची आने के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज हो गई है कि यह कदम राष्ट्रीय जनता दल (RJD) और जनता दल यूनाइटेड (JDU) के लिए चिंता का विषय हो सकता है। साथ ही, प्रशांत किशोर की जन सुराज पार्टी भी एक्टिव मोड में है और लगातार अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर रही है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि तीसरी ताकतें किस हद तक बिहार की मुख्य राजनीति को प्रभावित कर पाती हैं।
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तेज प्रताप यादव की पार्टी द्वारा उम्मीदवारों की पहली सूची जारी करना साफ संकेत देता है कि वह इस बार सीधे मुकाबले की तैयारी में हैं। खुद चुनावी मैदान में उतरकर उन्होंने यह जता दिया है कि वह सिर्फ संगठन के नेता नहीं, बल्कि एक सक्रिय खिलाड़ी बनकर चुनावी रणभूमि में उतरने वाले हैं। आगामी दिनों में उनकी रणनीति और गठबंधन की दिशा पर भी सभी की नजरें टिकी रहेंगी।









